Profile

read and feed member
1 year ago no Comment

    ‘नेहा बेटा मान जा शादी के लिए देख तेरे पापा की तबीयत ठीक नहीं रहती है,तेरी शादी करके उन्हें सुकून मिलेगा जाने कितने दिन के मेहनाम हैं’ तेरे पापा। मां बस करो कुछ नहीं होगा पापा को और आप जानती हो मां ,मुझे आगे पढ़ाई करना है,मेरा सपना है एक टीचर बनने का अभी तो मैंने कॉलेज शुरू ही किया है मां जैसे ही नेहा ने जवाब दिया  मां जोर जोर से रोने लगी और मां के आंसू जिस तरह बह रहे थे ,वो खुद को रोक नहीं…

1 year ago no Comment

  रिया बेटा क्या हुआ आज सुबह से उदास हो ,रिया की मम्मा राम्या ने जब रिया से पूछा तब रिया रोने लगी कि मम्मा आज पापा की बहुत याद आ रही है। मम्मा आप बताओ ना पापा कब आयेंगे। रिया के सवाल सुनते ही राम्या का दिल भर आया और अपनी सात साल की नन्हीं गुड़िया से आंखें छिपा कर राम्या दूसरे कमरे में जाकर अपने आंसू पोंछ कर फिर अपनी बेटी के पास आकर उसे हिम्मत देने लगी। रिया बेटा आपको क्या लगता है,आपके पास स्ट्रॉन्ग हैं या…

1 year ago no Comment

  “मम्मा मुझे ये टॉय लेना है और वो वाली बड़ी चॉकलेट भी लूँगी मैं”, जैसे ही सिया ने अपनी मां रिचा से कहा ,रिचा ने झट ही उसे सब दिला दिया। रिचा मेरी अच्छी सहेली है हम दोनों साथ में घूमने गए थे उस दिन और फिर कुछ सामान लेने शॉप चले गए। मैंने जब देखा कि सिया जिस चीज को मांगती रिचा सब उसको दिलाते जा रही थी तब मुझसे रहा नही गया और मैंने कह दिया कि रिचा अभी सिया पांच साल की है तुम हर वो…

1 year ago no Comment

  अरे रमा ये क्या कर रही है पागल तो नही हो गई कहीं तू ,तेरे बेटा अब इस दुनिया में नहीं रहा और तेरी बहु ये रंग नही पहनेगी अब ,जैसे ही रमा जी की बड़ी बहन ने दुकान में साड़ियां खरीदते हुए कहा तब तो रमा जी ने सिर्फ कहकर उन्हें चुप करा दिया कि जीजी बच्ची है वो भी पहनने दो उसे भी अच्छे रंग क्या फर्क पड़ता है। निधि जो रमा जी की बहू है और रमा जी के बेटे को दुनिया से गये दो साल…

1 year ago no Comment

सुनो रोहित आज आप कनक को संभालो मैं फटाफट खाना बना लेती हूं, अंशु ने जैसे ही रोहित से कहा,रोहित ने दुखी स्वर में कहा अंशु मुझे आज ऑफिस जाना है । अरे ऐसे कैसे आपको ऑफिस जाना है मैंने हफ़्ते भर पहले कहा था आपसे कि हमें आज कनक के वैक्सीनेशन के लिए जाना है और इतनी दूर अकेले कैसे जाऊंगी अब मैं।  अंशु मैं जानता हूं मुश्किल होगा तुम्हारे लिए पर मेरी भी मजबूरी है,मैंने छुट्टी ली थी पर सुबह ही मेल आया कि कुछ बहुत जरूरी काम…

read and feed
1 year ago no Comment

रोहिणी फटाफट सुबह की भागम भाग में हर काम करते हुए समय निकाल कर रात में भीगे बादाम छील है लेती थी,ये एक ऐसा काम था जिसके लिए वो समय निकाल ही लेती थी। बच्चों का स्कूल जाने का टाइम और उसके पति के ऑफिस जाने का टाइम एक सा ही है तो सुबह जल्दी उठकर सबका लंच बॉक्स बनाते बनाते उनके बादाम छील कर दूध के साथ रख देती थी। स्कूल जाने से पहले बच्चे अपने हिस्से के बादाम खाकर दूध पीकर और पति भी बादाम और दूध लेकर…

1 year ago no Comment

बार आता है ये राखी का त्यौहार ,जब जो मांगा तुमसे दिया तुमने हर बार लेकिन इस बार मांगूंगी सिर्फ एक उपहार, अगर करना है ,तुम्हे मेरी राखी का मान तो देना तुम हमेशा मेरी भाभी को सम्मान। तुम्हारे लिए वो अपना घर छोड़ कर आएगी ,वो यहां आकर अपना घर सजायेगी। जैसे मैं उस घर में चहकती थी ,वैसे ही उसको तुम चहकने देना, जैसे मैं तुम सबके संग हंसते हुए रहती थी उसको भी वैसे ही हंसने देना।मैं जैसे माँ पापा संग बिन घूंघट के रहती थी, उसको…

1 year ago 2 Comments

बचपन में जो कन्या पूजी जाती हैं,बड़ी होकर  वही कन्या जलायी क्यों जाती हैं?बचपन में जिस कन्या को घर बुलाकर पैसे या उपहार देते थे,उसी कन्या को अपने घर हमेशा के लिए लाने में अब खुद पैसे और उपहार लेते हो।। जब वो कन्या थी उसे घर बुलाकर उसके मन का भोजन जबर्दस्ती उसे खिलाते थे ,आज वो तुम्हारे घर आगयी है तो उसे एक निवाले को भी न पूछते  हो।। नवरात्रि में कन्या को पूजते हो और उसी कन्या को मारते हो,उसी कन्या को  देवी मानते हो और उसी…

multigrain paratha
1 year ago no Comment

पालक मल्टीग्रेन परांठा- इसे बनाने के लिए आप 2 कप पालक को अच्छे से धोकर उबाल लें और ठंडा करके पीस लें ।अब 1कप गेंहू आटे में 2 चम्मच रागी आटा और 2 चम्मच बाजरे का आटा और 4चम्मच ज्वार का आटा मिक्स करें और उबली हुई पालक और नमक और अजवाइन डालकर गूँथ लें। पराठे का आकार देकर थोड़ा घी लगाकर गरम तवे में सेक लें।

beetroot
1 year ago no Comment

बीटरूट बेबी पूरी (अलग अलग शेप में)- बीटरूट के छिलके हटाकर कुकर में पानी डालकर 2 सीटी में पका लें और ठंडा होने पर मिक्सी में पीस लें। अब मुल्टीग्रेन आटे में नमक और अजवाइन के साथ बीटरूट पेस्ट डालकर अच्छे से गूँथ लें।एनिमल शेप या जो भी शेप आप चाहें उसका आकार देकर तेल या घी में तल लें ,बच्चे इसे बहुत खुश होकर मजे लेकर खाते हैं

Divvya Mishra does not have any friends yet.
read and feed member