आँसू

आँसू

हां आँसू भी बड़ी अजीब सी चीज़ है

दुख में भी बहार आ जाते है

सुख में भी बहार आ जाते है

कभी सोचती हूँ इनके बारे में

यह भी कितने  अजीब है

बेचारे कभी।  कभी तो ये

युही कुछ याद  करते वक़्त

भी बहार आजाते है कभी बेवजह ही

बहार आ जाते है आँसू तुम्हे कोई

नहीं समझ पाया

पुनम

Related posts

Leave a Comment